आज का इतिहास 5 जुलाई - Study Search Point

निरंतर कर्म और प्रयास ही सफलता की कुंजी हैं।

आज का इतिहास 5 जुलाई

Share This
1811- ईसवी को वेनेज़ोएला देश को स्वतंत्रता मिली और प्रतिवर्ष आज के  दिन इस देश में स्वतंत्रता का उत्सव मनाया जाता है। 16वीं शताब्दी ईसवी के आरंभ से लेकर तीन शताब्दियों तक यह देश स्पेन के अधिकार में रहा। इस दौरान इस देश के स्थानीय लोगों को भारी आघात पहुँचाए गये। इस प्रकार से दसियों हज़ार स्थानीय रेड इंडियन्स मार डाले गये और स्पेन से आए लोगों ने उनका स्थान ले लिया।

1924- ब्राजील के साउ पाउलो में सैन्य विद्रोह हुआ।

1947- भारतीय स्वतंत्रता अधिनियम 1947 को ब्रिटिश संसद में प्रस्तुत किया गया जिसे बाद में शाही स्वीकृति मिल गई।

1962- ईसवी को अलजीरिया की जनता ने फ़्रांसीसी अतिग्रहणकारियों से वर्षो तक संघर्ष करने और दस लाख शहीदों की भेंट चढ़ाने के बाद स्वतंत्रता प्रापत की। फ़्रांसीसियों ने सन 1830 में अलजीरिया पर अधिकार के लिए आक्रमण किया अलजीरियायी जनता ने इस आक्रमण का डटकर मुक़ाबला किया। प्रतिरोध का नेतृत्व करने वाले अलजीरियायी संघर्षकर्ता अमीर अब्दुल क़ादिर अलजज़ायारी वर्षों फ्रांसीसी अतिग्रहणकारियों से लड़े और उन्हें कई मोर्चा पर पराजय का सामना भी कराया किंतु अंतत: 17 वर्ष के प्रतिरोध के बाद फ़्रांसीसी सेना ने उनहें गिरफतार कर लिया। जिसके बाद धीरे धीरे पूरे देश पर फ़्रांस का अधिकार हो गया। 

1968- भारत की पहली पनडुब्बी सोवियत रूस से देश में पहुंची।

1977 को पाकिस्तानी सेना के प्रमुख जनरल ज़ियाउल हक़ ने पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री ज़ुल्फ़ेक़ार अली भुट्टो का तख़्ता उलट दिया और उन पर हत्या और देश द्रोह का आरोप लगाते हुए सन 1979 को उनको फांसी पर चढ़ा दिया। जनरल मुहम्मद ज़िया उल हक़ का जन्म 12 अगस्त 1924 में हुआ था वह पाकिस्तान के चौथे फ़ौजी तानाशाह और छठे राष्ट्रपति थे। उनका शासन जुलाई 1977 से अगस्त 1988 में हवाई जहाज़ दुर्घटना में हुई उनकी मृत्यु तक चला। उन्हें 1976 में तत्कालीन प्रधानमन्त्री ज़ुल्फ़ेक़ार अली भुट्टो ने सेनाधाक्ष बनाया था लेकिन उन्होंने  सैन्यविद्रोह द्वारा तख़्ता पलटकर सत्ता पर क़ब्ज़ा जमा लिया और भुट्टो को फांसी दिलवा दी।
1998- भारत के टैंक विरोधी मिसाइल नाग का परीक्षण हुआ।

1998- तमिलनाडु में डॉल्फिन सिटी का उद्घाटन हुआ।

ليست هناك تعليقات:

إرسال تعليق

Pages